बचेली में विश्व आदिवासी दिवस की धूम, पारंपरिक नृत्यों और नारों से गूंजा शहर

0 पारंपरिक वेशभूषा में बिखेरे रंग, निकाली गई भव्य रैली

दुर्जन सिंह
बचेली। लौह नगरी बचेली में 9 अगस्त, शनिवार को विश्व आदिवासी दिवस बड़े ही हर्षोल्लास और गरिमामय तरीके से मनाया गया। इस अवसर पर एनएमडीसी मंगल भवन में कार्यक्रमों की शुरुआत बचेली थाना प्रभारी मधुनाथ ध्रुव द्वारा ध्वजारोहण से हुई। इसके बाद माटी पूजा कर पारंपरिक विधि से आयोजन की शुरुआत की गई।

कार्यक्रम के बाद सर्व आदिवासी समाज के सदस्यों ने अपनी सांस्कृतिक धरोहर का शानदार प्रदर्शन करते हुए विशाल रैली निकाली। मंगल भवन से निकली यह रैली अस्पताल चौक, बिरसा मुंडा चौक, राजीव गांधी चौक, श्रमवीर चौक, हाइटेक कॉलोनी, गुरु घासीदास चौक, घड़ी चौक, शहीद गैंदलाल सिंह चौक और शहीद गुंडाधुर चौक होते हुए बस स्टैंड स्थित शहीद वीर नारायण सिंह चौक पर पहुंची। यहां आदिवासी नायकों को नमन करते हुए प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया।

रैली के दौरान पुरुष और महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में रंग-बिरंगे परिधानों और आभूषणों से सजे थे। ढोल-नगाड़ों की थाप पर पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत किए गए, तो वहीं गगनभेदी नारों – “आदिवासी संघ जिंदाबाद” से पूरा माहौल गूंज उठा। रास्ते भर लोग अपनी संस्कृति, एकता और अधिकारों का संदेश देते नजर आए। इस मौके पर सर्व आदिवासी समाज बचेली के अध्यक्ष एम.आर. बारसा, जिला सचिव धीरज राणा, समाज के सचिव कमलेश रावट, मेटल माईंस वर्कर्स यूनियन (इंटक ) के अध्यक्ष चंद्र कुमार मंडावी सहित बड़ी संख्या में समाजजन मौजूद रहे। वर्ष 2011 से मनाया जा रहा यह दिवस इस बार अपने 15वें वर्ष में और भी भव्य और उत्साहपूर्ण रहा।
