छत्तीसगढ़ में मानसून की आहट हुई तेज, अगले 5 दिनों तक बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट, कई जिलों में येलो अलर्ट जारी

रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून के आगमन से पहले मौसम तेजी से करवट ले रहा है। प्रदेश के कई इलाकों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है और मौसम विभाग ने अगले पांच दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है। विभाग का कहना है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून के प्रदेश के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए अनुकूल परिस्थितियां बन चुकी हैं।
तापमान में आई 2 से 4 डिग्री तक की गिरावट
बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की कमी दर्ज की गई। बुधवार को रायपुर में सबसे अधिक 38.5 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया, जबकि दुर्ग सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 24.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
इन जिलों में हुई बारिश, दुर्ग रहा सबसे आगे
पिछले 24 घंटे में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। सबसे अधिक 3 सेंटीमीटर वर्षा दुर्ग में दर्ज की गई। इसके अलावा जशपुरनगर में 2 सेंटीमीटर, एमसीबी जिले के केल्हारी, जशपुर के मनोरा और बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर में 1-1 सेंटीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।
मौसम में बदलाव की यह है बड़ी वजह
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, पंजाब से हरियाणा, उत्तर प्रदेश और बिहार तक समुद्र तल पर एक मौसमी द्रोणिका सक्रिय है। इसके साथ ही पूर्वी उत्तर प्रदेश से पूर्वी मध्य प्रदेश, पूर्वी विदर्भ, तेलंगाना होते हुए दक्षिण तटीय आंध्र प्रदेश तक एक अन्य द्रोणिका बनी हुई है। वहीं पूर्वी विदर्भ और दक्षिण छत्तीसगढ़ के आसपास ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण भी सक्रिय है, जिसके कारण प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला हुआ है।
इन जिलों के लिए जारी हुआ येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने राजनांदगांव, दुर्ग, रायपुर, धमतरी, गरियाबंद, कांकेर, बालोद, जशपुर, रायगढ़, कबीरधाम, बेमेतरा, कोंडागांव और बस्तर जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
अगले पांच दिन सतर्क रहने की जरूरत
मौसम विभाग ने लोगों को अगले कुछ दिनों तक मौसम में लगातार बदलाव के लिए तैयार रहने की सलाह दी है। बारिश, तेज हवाओं और बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए खुले स्थानों पर अनावश्यक रुकने से बचने और मौसम से जुड़ी ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखने की अपील की गई है।




