जनगणना में दिन-रात मेहनत करने वाले कर्मचारियों की बड़ी मांग, विशेष अवकाश और रुका मानदेय देने शासन से की गई अपील

रायपुर। जनगणना 2027 के कार्य में जुटे अधिकारियों और कर्मचारियों के हितों को लेकर छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने राज्य शासन का ध्यान आकर्षित किया है। फेडरेशन ने जनगणना संचालन निदेशक को पत्र भेजकर मांग की है कि जनगणना अभियान में योगदान देने वाले सभी कर्मचारियों को विशेष अर्जित अवकाश दिया जाए और लंबे समय से लंबित मानदेय का तत्काल भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
भीषण गर्मी में निभाई राष्ट्रीय जिम्मेदारी
फेडरेशन ने अपने ज्ञापन में कहा है कि 1 मई से 30 मई 2027 तक प्रदेश के विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने लगभग 45 डिग्री तापमान जैसी कठिन परिस्थितियों में जनगणना का कार्य पूरी जिम्मेदारी और समर्पण के साथ पूरा किया। इस दौरान अनेक कर्मचारियों ने निजी अवकाश और पारिवारिक समय का त्याग कर राष्ट्रीय महत्व के इस अभियान को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई।
मानदेय नहीं मिलने से कर्मचारियों में बढ़ रही नाराजगी
फेडरेशन का कहना है कि शासन द्वारा मानदेय की व्यवस्था किए जाने के बावजूद बड़ी संख्या में अधिकारियों और कर्मचारियों को अब तक भुगतान नहीं मिल पाया है। इससे कर्मचारियों में असंतोष लगातार बढ़ रहा है। संगठन ने इसे गंभीर विषय बताते हुए जल्द समाधान की मांग की है।
फेडरेशन ने रखीं तीन प्रमुख मांगें
फेडरेशन ने शासन से मांग की है कि जनगणना कार्य में लगे सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को विशेष अर्जित अवकाश दिया जाए। साथ ही लंबित मानदेय राशि का तत्काल भुगतान किया जाए। इसके अलावा भविष्य में जनगणना जैसे राष्ट्रीय महत्व के अभियानों में ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों के लिए मानदेय और अन्य सुविधाओं के समयबद्ध भुगतान की स्थायी व्यवस्था बनाई जाए।
शासन से सकारात्मक निर्णय की उम्मीद
छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने विश्वास जताया है कि राज्य शासन और जनगणना संचालन निदेशक कर्मचारियों की मेहनत और योगदान का सम्मान करते हुए उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेंगे, जिससे कर्मचारियों का मनोबल भी बढ़ेगा और भविष्य में ऐसे महत्वपूर्ण कार्यों का संचालन अधिक प्रभावी ढंग से हो सकेगा।




