भिलाई हत्याकांड का खुलासा: एकतरफा लगाव और नाराजगी बनी हत्या की वजह, आरोपी गिरफ्तार

भिलाई। वैशाली नगर थाना क्षेत्र में युवती खुशी की हत्या के मामले का पुलिस ने कुछ ही घंटों में खुलासा करते हुए आरोपी लाकेश्वर उर्फ पिंटू को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच के अनुसार, आरोपी युवती द्वारा उससे संपर्क समाप्त किए जाने और मोबाइल नंबर ब्लॉक कर देने से नाराज था। इसी वजह से उसने हत्या की साजिश रची और वारदात को अंजाम दिया।
कमरे में घुसकर की हत्या
पुलिस के मुताबिक, आरोपी रायपुर से भिलाई पहुंचा और मौका मिलते ही खुशी के किराए के कमरे में पहुंच गया। वहां उसने पहले युवती का गला दबाया और इसके बाद चाकू से कई वार कर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी ने हत्या में इस्तेमाल चाकू को कमरे के छज्जे पर फेंक दिया और खून से सने कपड़ों को नदी में बहाकर साक्ष्य मिटाने की कोशिश की।
पहचान छिपाने के लिए अपनाई थी विशेष तैयारी
जांच में सामने आया कि आरोपी पुलिस को भ्रमित करने के इरादे से वारदात के समय दो जोड़ी कपड़े पहनकर आया था। घटना के बाद उसने बाहरी कपड़े बदलकर पहचान छिपाने का प्रयास किया। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और अन्य सुरागों के आधार पर उसे बलौदाबाजार स्थित उसके घर से गिरफ्तार कर लिया।
घटनास्थल पर कराया गया घटनाक्रम का पुनर्निर्माण
शनिवार सुबह वैशाली नगर थाना प्रभारी राजकुमार लहरे और उनकी टीम आरोपी को घटनास्थल पर लेकर पहुंची। वहां उसने पुलिस को पूरी वारदात की जानकारी दी और चाकू फेंकने वाली जगह भी बताई। पुलिस ने घटनाक्रम का पुनर्निर्माण कर साक्ष्य जुटाए।
पहले से थी पहचान, बाद में बढ़ी दूरी
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुखनंदन राठौर और सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने बताया कि आरोपी और मृतका पहले से एक-दूसरे को जानते थे। दोनों एक ही समाज से थे और दूर के रिश्ते के कारण परिवारों में भी परिचय था। समय के साथ दोनों के बीच बातचीत होती रही, लेकिन भिलाई में पढ़ाई और नौकरी शुरू करने के बाद युवती ने आरोपी से दूरी बना ली थी।
शादी की इच्छा ठुकराए जाने के बाद रची साजिश
पुलिस के अनुसार, आरोपी लगातार युवती से संपर्क करने का प्रयास कर रहा था। उसने युवती के चचेरे भाई के माध्यम से शादी की इच्छा भी जताई थी, लेकिन परिवार ने यह कहते हुए मना कर दिया कि युवती उससे बात नहीं करना चाहती और अपने करियर पर ध्यान देना चाहती है। इसके बाद आरोपी ने हत्या की योजना बनाई। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।




